ईरान पर अमेरिकी हमले से कुछ मिनट पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपना फैसला बदल दिया। उन्होंने ईरान के खिलाफ मिसाइल हमलों को रद्द कर दिया। इसके बजाय, दोनों देशों के बीच एक समझौता हुआ। यह समझौता रात के अंधेरे में गुप्त बातचीत के बाद हुआ। अमेरिकी लड़ाकू विमान और मिसाइलें हमले के लिए तैयार थीं। पश्चिम एशिया में विनाशकारी महायुद्ध और अमेरिकी बमबारी के शुरू होने से ठीक कुछ मिनट पहले एक बेहद नाटकीय उलटफेर में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर होने वाले हमलों को तुरंत रद्द कर एक ऐतिहासिक समझौते का ऐलान कर दिया है।
ईरान के मिसाइल हमलों के जवाब में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर हमले का आदेश दिया है। अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने कहा कि ईरान की मेहनत की कमाई को 'दोस्तों' में बांटा जाएगा। यह पैसा खाड़ी देशों को नुकसान की भरपाई के तौर पर मिलेगा। अमेरिका ईरान को आर्थिक और सैन्य रूप से कमजोर करने की रणनीति पर काम कर रहा है।
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी है कि अमेरिका आज रात ईरान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका ईरान के प्रमुख तेल निर्यात केंद्र खार्ग द्वीप और उसके तेल-गैस कारोबार पर नियंत्रण हासिल करेगा। ट्रंप के इस बयान के बाद मध्य पूर्व में तनाव बढ़ने की आशंका है। ईरान ने कहा है कि अमेरिका इस कार्रवाई का जिम्मेदार होगा।
ईरान ने अपने F-14 टॉमकैट लड़ाकू विमानों को अमेरिकी मिसाइलों से लैस किया है. ये विमान 1970 के दशक में अमेरिका से खरीदे गए थे. अब इन्हें 'फकूर-90' मिसाइलों से अपग्रेड किया गया है. ईरान इन विमानों का उपयोग अमेरिकी सेना के खिलाफ कर सकता है. ईरान ने डोनाल्ड ट्रंप की सेना को मात देने के लिए आसमान में अपना सबसे खतरनाक ब्रह्मास्त्र F-14 टॉमकैट लड़ाकू विमान उतार दिया है।
अमेरिका और ईरान के बीच दो महीने का युद्धविराम टूट गया है। दोनों देशों ने एक-दूसरे के सैन्य ठिकानों पर लगातार दूसरे दिन हमले किए। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने दक्षिणी ईरान में हवाई हमले किए। इसके जवाब में ईरान ने बहरीन, कुवैत और जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। Strait of Hormuz: अमेरिका और ईरान के बीच हुआ दो महीने पुराना युद्धविराम अब पूरी तरह टूट चुका है।
अमेरिका ने 10 जून को ईरान में कई ठिकानों पर आत्मरक्षा में हमले किए। अमेरिका की ओर से फिर से ईरान पर किए गए हमले के बाद मिडिल ईस्ट एक बार फिर बड़े संकट में फंस गया है. यूएस सेंट्रल कमांड ने कहा है कि 10 जून को ईरान में कई ठिकानों पर आत्मरक्षा में हमले किए गए. इसके जवाब में ईरान की इस्लामिक रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स कोर (IRGC) ने कहा कि उसने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाजों को निशाना बनाया है।
ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने की धमकी दी है, जो दुनिया के 20% कच्चे तेल और गैस का मार्ग है. इस धमकी से कच्चे तेल की कीमतें बढ़ गई हैं. अगर यह मार्ग स्थायी रूप से बंद हो जाता है, तो वैश्विक आपूर्ति गंभीर रूप से बाधित होगी. अमेरिका की भारी बमबारी के बाद ईरान ने दुनिया के सबसे जरूरी समुद्री रास्ते यानी 'होर्मुज' को पूरी तरह बंद करने की धमकी दे दी है।
ओमान तट पर पिछले तीन दिनों में तीन जहाजों पर हमले हुए हैं, जिनमें भारतीय नाविकों की मौत हुई है. अमेरिकी सेना ने एक टैंकर को निशाना बनाया. भारत सरकार ने इन हमलों पर अमेरिकी राजनयिक को तलब कर विरोध दर्ज कराया है. ओमान तट से लेकर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज तक समुद्री इलाका इन दिनों खून से लाल हो गया है।
ईरान ने बहरीन में अमेरिकी नौसेना के पांचवें बेड़े को निशाना बनाया है। यह बेड़ा फारस की खाड़ी में अमेरिकी नौसैनिक अभियानों के लिए महत्वपूर्ण है। ईरान अक्सर इस बेड़े को निशाना बनाकर अमेरिका पर दबाव बनाता है। What is US Fifth Naval Fleet: ईरान-अमेरिका की लड़ाई में कुछ ऐसे प्वाइंट हैं, जिन्हें ईरान जानता भी है और इसे मौका पड़ने पर दबाते ही सुपरपावर कराह उठता है।
भारत ने ओमान तट पर अमेरिकी हमले की निंदा की है जिसमें तीन भारतीय नाविक मारे गए थे। विदेश मंत्रालय ने कहा कि ऐसे हमले तुरंत बंद होने चाहिए। यह घटना मिडिल ईस्ट संकट के बीच जहाजों को निशाना बनाए जाने के क्रम में हुई। मिडिल ईस्ट संकट के बीच बीते कुछ दिनों से ओमान तट पर उन जहाजों को निशाना बनाया जा रहा है, जिस पर भारतीय नाविक होते हैं।
ओमान तट के पास एक वाणिज्यिक तेल टैंकर पर अमेरिकी हमले के बाद भारत और अमेरिका के बीच कूटनीतिक तनाव बढ़ गया है। भारत सरकार ने नई दिल्ली में अमेरिकी राजनयिक जेसन मीक्स को तलब कर घटना पर तीव्र आपत्ति दर्ज कराई है। इस हमले में भारतीयों की मौत की खबर है। सोशल मीडिया पर यूजर्स ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की आलोचना की है।
चीन ने मध्य पूर्व में तत्काल सैन्य हमलों को रोकने और क्षेत्रीय सुरक्षा का सम्मान करने का आह्वान किया। यह बयान ईरान द्वारा ओमान के पास एक अमेरिकी हेलीकॉप्टर गिराए जाने और अमेरिका द्वारा तेहरान के खिलाफ हमलों को जारी रखने की चेतावनी के बाद आया है। ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने की घोषणा की है। अमेरिका और ईरान के बीच जंग फिर छिड़ चुकी है।
ओमान तट के पास एक वाणिज्यिक जहाज पर अमेरिकी नौसेना के हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है। पलाउ के झंडे वाले इस जहाज पर 21 नाविकों को बचाया गया था, लेकिन तीन लापता हो गए थे। अमेरिका (United States Of America) के हमले में 3 भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हो गई है। ओमान (Oman) के तट और होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) के पास 10 जून को एक वाणिज्यिक जहाज पर अमेरिकी नेवी ने हमला कर दिया था।
ओमान के शिनास बंदरगाह के पास एमटी जलवीर जहाज पर हमला हुआ, जिससे जहाज के इंजन में आग लग गई। इस जहाज पर 20 भारतीय नागरिक सवार थे। यह पिछले तीन दिनों में तीसरा हमला है। ओमान के शिनास बंदरगाह के पास जहाज एमटी जलवीर (MT Jalveer) भी हमले का शिकार हुआ है. रिपोर्टों के मुताबिक, इस जहाज पर 20 भारतीय नागरिक सवार हैं।
ओमान के तट पर एक वाणिज्यिक जहाज पर अमेरिकी हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है। फॉरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया ने बताया कि जहाज से संपर्क बाधित है, जिससे पूरी जानकारी जुटाना मुश्किल हो रहा है। Strait of Hormuz attack: ओमान के तट और होर्मुज के समीप एक वाणिज्यिक जहाज पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि एक अन्य नाविक अब भी लापता है।
पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ गया है, जिससे कुवैत, बहरीन और जॉर्डन ने सुरक्षा अलर्ट जारी किए हैं। यह संकट ईरान द्वारा एक अमेरिकी हेलीकॉप्टर गिराए जाने के बाद उत्पन्न हुआ है। पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच हालात और गंभीर हो गए हैं।
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के कारण, इंडिगो एयरलाइंस ने मध्य पूर्व की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक यात्रा सलाह जारी की है। यात्रियों को अपनी उड़ान की स्थिति ऑनलाइन जांचने की सलाह दी गई है। यह कदम ईरान और अमेरिका के बीच हालिया हमलों के बाद उठाया गया है। ईरान (Iran) और अमेरिका (United States of America) के ताज़ा हमलों के बाद दोनों देशों में तनाव काफी ज़्यादा बढ़ गया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर सैन्य हमले की धमकी वापस ले ली है। उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि दोनों पक्ष एक समझौते पर पहुंचने के करीब हैं। इससे पहले अमेरिका ने ईरान में कई जगहों पर हमले किए थे। अमेरिका: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वापस ली ईरान पर सैन्य हमलों की धमकी, कहा- समझौते के करीब दोनों पक्ष।
ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य बंद करने से भारत पर गंभीर संकट आ सकता है। तेल की कीमतों में वृद्धि और व्यापार पर प्रभाव पड़ने की आशंका है। भारतीय व्यापारिक संगठन इस स्थिति से चिंतित हैं। पश्चिमी एशिया में तनाव और संकट के चलते इस समय पूरे विश्व में उथल पुथल मची हुई है और भारत भी इससे अछूता नहीं है।
ईरान ने जॉर्डन में एक एयरबेस पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। यह अमेरिका द्वारा ईरान पर किए गए हमलों की जवाबी कार्रवाई का हिस्सा था। इससे पहले ईरान ने बहरीन और कुवैत पर भी हवाई हमले किए थे। ईरान पर अमेरिकी हमले के खिलाफ आईआरजीसी – इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC – Islamic Revolutionary Guard Corps) ने जवाबी कार्रवाई करते हुए पहले बहरीन (Bahrain) और फिर कुवैत (Kuwait) पर एयरस्ट्राइक्स की।
भारत ने ओमान तट पर एक वाणिज्यिक जहाज पर हुए हमले की निंदा की। भारत ने अमेरिकी राजनयिक जेसन मीक्स को तलब किया और विरोध पत्र जारी किया। अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा कि वे भारत के साथ सीधे संपर्क में हैं। ओमान तट पर एक कमर्शियल जहाज पर हमले की भारत सरकार ने कड़ी निंदा की और अमेरिका के शीर्ष राजनयिक को तलब किया।
ईरान द्वारा बहरीन और कुवैत पर मिसाइलों और ड्रोन से हमले के बाद कुवैत ने अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया है। यह कार्रवाई ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स द्वारा की गई। आईआरजीसी मिसाइलों और ड्रोन्स से हमले कर रही है। इसके बाद कुवैत ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है। कुवैत ने बंद किया एयरस्पेस, ईरानी मिसाइलों-ड्रोन्स के खिलाफ रक्षात्मक कार्रवाई जारी।
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ने के बीच आईआरजीसी कमांडर मजीद मौसवी ने अमेरिका को धमकी दी। उन्होंने कहा कि अगर अमेरिका ने कोई गलती की तो उसके लिए नरक बना दिया जाएगा। अमेरिका (United States of America) और ईरान (Iran) के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। लगातार दूसरे दिन दोनों देशों ने एक-दूसरे के सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं।
अमेरिका के हमलों के जवाब में ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को सभी जहाजों के लिए बंद कर दिया है। ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने यह चेतावनी जारी की है। US-Iran War: अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य झड़प की खबरें आ रही हैं। अमेरिकी हमलों का ईरान ने जवाब दिया है। ईरान ने अमेरिका के बेहरीन बेस पर हमला किया है।
अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने कई इमारतों और गलियारों को बंद कर दिया है। यह एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। इस कदम के पीछे के कारणों का अभी खुलासा नहीं किया गया है। US।